ऑफिस और घर के लिए 10 स्वादिष्ट व हेल्दी स्नैक आदतें

Spread the love

ऑफिस और घर के लिए 10 स्वादिष्ट व हेल्दी स्नैक आदतें

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में स्नैकिंग एक बड़ी चुनौती है। ऑफिस में मीटिंग्स के बीच भूख लगे तो चिप्स, समोसे या बिस्किट हाथ आ जाते हैं, और घर पर शाम की चाय के साथ फ्राइड स्नैक्स।

लेकिन क्या आप जानते हैं कि गलत स्नैकिंग से वजन बढ़ना, थकान और मूड स्विंग्स हो सकते हैं? विज्ञान कहता है कि स्मार्ट स्नैकिंग से 30% तक एनर्जी लेवल बढ़ सकता है और डाइजेशन बेहतर होता है।

अगर सही समय पर, सही मात्रा में और सही विकल्प चुने जाएँ, तो स्नैक्स शरीर को ऊर्जा, पोषण और मानसिक स्थिरता तक दे सकते हैं। इस आर्टिकल में हम 10 ऐसी स्वादिष्ट और हेल्दी स्नैक आदतें शेयर करेंगे जो ऑफिस बैग और किचन दोनों के लिए परफेक्ट हैं।

हर स्नैक के साथ आसान रेसिपी, न्यूट्रिशनल बेनिफिट्स और आदत बनाने के टिप्स देंगे। ये आयुर्वेदिक और साइंटिफिक बैकिंग पर आधारित हैं, जो आपके व्यवहार को रीवायर करेंगे। चलिए शुरू करते हैं!

जाड़े के मौसम में इम्यूनिटी कैसे बढ़ाएँ? देसी डाइट गाइड

दिन की शुरुआत हेल्दी स्नैक की योजना से करें

जिस तरह हम मुख्य भोजन की प्लानिंग करते हैं, उसी तरह स्नैक्स की भी करनी चाहिए। बिना योजना के रखा गया दिन अक्सर बिस्कुट और चिप्स पर खत्म होता है। इसलिए सुबह ही तय करें- आज कौन-सा स्नैक खाएँगे, कितने बजे, कितना खाएँगे। यह छोटी-सी योजना बड़ी गलतियों से बचाती है।

अक्सर हम भूखे नहीं होते, बस ऊब, तनाव या आदत के कारण खाते हैं। ऑफिस में काम के बीच या घर पर टीवी देखते समय हाथ अपने-आप खाने की ओर बढ़ जाता है। इसलिए खाने से पहले खुद से पूछें- क्या पेट सच में भूखा है? या मन कुछ चबाना चाहता है? अगर भूख मानसिक है, तो पानी पीना, 5 मिनट टहलना या गहरी साँस लेना काफी होता है।

1. नट्स का मिक्सचर: प्रोटीन पावरहाउस

नट्स जैसे बादाम, अखरोट और काजू प्रोटीन और हेल्दी फैट्स से भरपूर होते हैं। एक मुट्ठी (30 ग्राम) नट्स खाने से 2 घंटे तक भूख नहीं लगती। स्टडीज दिखाती हैं कि नट्स खाने से हृदय स्वास्थ्य 20% बेहतर होता है।

आसान रेसिपी: 10 बादाम, 5 अखरोट, 5 काजू और थोड़े किशमिश मिक्स करें। रात भर भिगोएं, यदि चाहें तो रिफ्रिजरेटर में स्टोर करें। ऑफिस के लिए छोटे डिब्बे में भर लें।

आदत टिप: सुबह ब्रेकफास्ट के बाद ऑफिस जाते वक्त बैग में रखें। 21 दिनों तक रोज खाएं- न्यूरोप्लास्टिसिटी से यह आदत बनेगी। कैलोरी: 180, प्रोटीन: 6g। यदि घर में है तो सुबह इसे ब्रेकफास्ट में लें।

2. दही के साथ फ्रूट्स: प्रोबायोटिक बूस्ट

दही गट हेल्थ के लिए बेस्ट है। इसमें प्रोटीन ज्यादा और शुगर कम होती है। फ्रूट्स ऐड करने से विटामिन C मिलता है, जो इम्यूनिटी बढ़ाता है। विटामिन्स और मिनरल्स का बेहतरीन संयोजन, लो कैलोरी लेकिन उच्च पोषण।

रेसिपी: 150g दही में सेब या स्ट्रॉबेरी या केला काटकर मिलाएं। एक चम्मच भिगोया चिया सीड डालें, शहद की कुछ बूंद डालें। घर पर शाम या सुबह के स्नैक के लिए आइडियल है।

आदत टिप: फ्रिज में प्री-मेड रखें। माइंडफुल ईटिंग करें- चबाते हुए सांसों पर फोकस। बेनिफिट: डाइजेशन 40% बेहतर। कैलोरी: 190-200 ।

पेट के अच्छे बैक्टीरिया: प्रोबायोटिक्स को हम कैसे बढ़ाएँ

Weight Loss Breakfast

3. स्प्राउट्स चाट: आयुर्वेदिक सुपरफूड

स्प्राउट्स एंजाइम्स से भरपूर होते हैं, जो डाइजेशन सुधारते हैं। मूंग दाल स्प्राउट्स प्रोटीन का सस्ता सोर्स हैं। अंकुरित मूंग, चना या मोठ ये पोषण का खजाना हैं।

रेसिपी: उबले स्प्राउट्स में प्याज, टमाटर, खीरा, नमक, नींबू और चाट मसाला मिलाएं। 10 मिनट में तैयार।

आदत टिप: रविवार को हफ्ते भर के लिए स्प्राउट तैयार करके रख लें। ऑफिस में लंच के बाद खाएं। या घर में सुबह ब्रेकफास्ट लें। प्रोटीन: 8-10g प्रति सर्विंग।

4. ओट्स एनर्जी बार्स: फाइबर से भरा

ओट्स ब्लड शुगर स्टेबल रखते हैं, क्रैश से बचाते हैं। ओट्स में सॉल्युबल फाइबर होता है, जिससे कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित रहता है। घर पर बार बनाएं तो शुगर कंट्रोल में रहेगा।

रेसिपी: 1 कप ओट्स, शहद, पीनट बटर, थोड़ा मक्खन और नट्स मिक्स करके किसी ट्रे में डालकर बेक करें। ठन्डे होने से पहले 4-5 बार्स काटें। यदि बेक न कर सकें तो तवे पर मक्खन में शहद और पीनट बटर डालकर पिघलाएं फिर उसमें ड्राई फ्रूट्स और ओट्स मिलाकर चलाएं, मिश्रण को किसी प्लेट में घी लगाकर उसपर फैला दें, ठंडा होने से पहले काटें।

आदत टिप: वीकेंड पर बैच बना कर रख लें। ऑफिस डेस्क पर रखें। घर में शाम को लें। 2 हफ्ते में क्रेविंग्स कम होंगी। कैलोरी: 200।

Oats Energy Bars – https://amzn.to/3NmTwfQ

5. वेजी स्टिक्स विद हमस: क्रंची हेल्थ

गाजर, खीरा और हमस (चने का पेस्ट) विटामिन A और फाइबर से भरपूर होते हैं, जो आंखों की रोशनी बढ़ाते हैं और वजन कंट्रोल में बेहद मददगार साबित होते हैं। यह स्नैक क्रंची टेक्स्चर देता है जो चिप्स की क्रेविंग को संतुष्ट करता है। स्टडीज बताती हैं कि फाइबर युक्त स्नैकिंग से भूख 25% तक कम लगती है।

रेसिपी: 1 कप उबले चने को ब्लेंडर में ताहिनी (तिल का पेस्ट), लहसुन, नींबू का रस, जीरा पाउडर, नमक और थोड़ा जैतून तेल डालकर हमस तैयार करें। गाजर, खीरा, शिमला मिर्च और सेलेरी को लंबी स्टिक्स काटें। छोटे कंटेनर में हमस के साथ पैक करें – 10 मिनट में रेडी।

आदत टिप: रविवार को हफ्ते भर के लिए प्री-कट वेजी स्टिक्स और हमस बैच तैयार रखें। TV या मोबाइल देखते समय माइंडलेस ईटिंग को हेल्दी बनाएं- एक स्टिक हमस में डिप करके खाएं। इससे आदत 21 दिनों में बनेगी। फाइबर: 5g प्रति सर्विंग, कैलोरी: 140।

एनर्जी की कमी? जानिए कौन से फूड्स तुरंत बढ़ाते हैं स्टैमिना

6. मखाना: हल्का, कुरकुरा और पौष्टिक

मखाना उन लोगों के लिए वरदान है जो कुछ कुरकुरा खाना चाहते हैं लेकिन तला हुआ नहीं। इसमें कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, फाइबर, कैल्शियम, मैग्नीशियम, पोटेशियम, आयरन और एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो इसे कम कैलोरी वाला, ग्लूटेन-फ्री और पौष्टिक स्नैक बनाते हैं

रेसिपी: थोड़ा सा घी और हल्के नमक कालीमिर्च  डालकर घर पर भून लें, ऑफिस के लिए भी बढ़िया स्नैक।

आदत टिप: एक बार बना कर रख लें और पुरे हफ्ते सुबह या शाम को नाश्ते में यूज़ करें। कम कैलोरी, पाचन के लिए हल्का, बच्चों से बुज़ुर्गों तक सभी के लिए उपयुक्त है मखाना।

7. पॉपकॉर्न होममेड: लो कैलोरी क्रंच

एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न फाइबर से भरपूर, बिना ऑयल। 100 ग्राम एयर-पॉप्ड पॉपकॉर्न में लगभग 387 कैलोरी, 13 ग्राम प्रोटीन, 78 ग्राम कार्बोहाइड्रेट, 5 ग्राम वसा और 15 ग्राम फाइबर होता है। यह कम कैलोरी वाला नाश्ता है, जो वजन नियंत्रण, हृदय स्वास्थ्य और आंत के बैक्टीरिया को बढ़ावा देता है।

पीले मकई से बने पॉपकॉर्न में एंटीऑक्सिडेंट होते हैं, जो आंखों के स्वास्थ्य की रक्षा करते हैं और सूजन कम करते हैं। पॉलीफेनॉल्स भी मौजूद होते हैं, जो फ्री रेडिकल्स से बचाव करते हैं।

रेसिपी: मकई के दाने माइक्रोवेव में पॉप करें। हर्ब्स छिड़कें। व्यावसायिक पॉपकॉर्न में अतिरिक्त नमक या वसा से बचें।

आदत टिप: मूवी टाइम के लिए स्विच। बहुत ज्यादा न खाएं। इन्हें भूनकर एयरटाइट डिब्बे या पोलोथिन बैग में स्टोर कर सकते हैं।

8. भुने चने और मूंगफली को दोस्त बनाएँ

भुने चने और मूंगफली भारतीय सुपर स्नैक्स हैं- सस्ते, टिकाऊ और बेहद पौष्टिक। ये प्रोटीन से भरपूर होते हैं, देर तक पेट भरा रखते हैं, भुने चने और मूंगफली दोनों में अच्छी मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है, प्रोटीन मांसपेशियों की मजबूती, थकान कम करने और भूख नियंत्रित रखने में मदद करता है। चने में खास तौर पर डायटरी फाइबर अधिक होता है जो पाचन को बेहतर बनाता है।

मूंगफली में मोनोअनसैचुरेटेड फैट होता है यह दिल के स्वास्थ्य के लिए अच्छा माना जाता है। इसके अतिरिक्त इनमे आयरन, मैग्नीशियम,  विटामिन B1, B3 और B6 होते हैं, ये दिमागी कार्यक्षमता, याददाश्त और एनर्जी मेटाबॉलिज़्म के लिए ज़रूरी हैं।

रेसिपी: एक मुट्ठी (30–40 ग्राम) प्रतिदिन के लिए पर्याप्त है। हमेशा भुना हुआ ही खाएं, तला हुआ या कच्चा नहीं। चाय के साथ नहीं, बल्कि अलग समय पर खाएँ।

आदत टिप: छुटियों के दिन में तैयार करके एक डिब्बे में भर लें। ऑफिस के ड्रॉर या घर की रसोई में इनका छोटा डिब्बा हमेशा रखें।

40 के बाद पुरुषों को ये 8 विटामिन व सप्लीमेंट ज़रूरी हैं?

9. मीठा चाहिए तो प्राकृतिक चुनें

मीठा छोड़ना ज़रूरी नहीं, लेकिन मीठे का स्रोत बदलना ज़रूरी है। मीठा खाने की इच्छा हो तो प्राकृतिक विकल्प चुनना बेहतर होता है, क्योंकि ये रिफाइंड चीनी से कम हानिकारक होते हैं और अतिरिक्त पोषक तत्व प्रदान करते हैं। प्राकृतिक स्वीटनर में एंटीऑक्सीडेंट्स, मिनरल्स और कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स होता है, जो ब्लड शुगर को स्थिर रखते हैं।

प्रमुख विकल्प
शहद: एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर, सूजन कम करता है और ऊर्जा देता है।
गुड़: विटामिन, मिनरल्स प्रदान करता है, कब्ज दूर करता है और रोग प्रतिरोधकता बढ़ाता है।
स्टीविया: कैलोरी-फ्री, चीनी से 200-400 गुना मीठा, मधुमेह के लिए आदर्श।
मिश्री/खांड: कैल्शियम और मिनरल्स से युक्त, रिफाइंड नहीं।
कोकोनट शुगर: कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स, आसानी से पचता है।

ये विकल्प मोटापा, डायबिटीज और हृदय रोगों के जोखिम को कम करते हैं, जबकि रिफाइंड चीनी इन समस्याओं को बढ़ाती है। हालांकि, इन्हें भी सीमित मात्रा में लें, क्योंकि कैलोरी समान हो सकती है।

10. राजमा सलाद कप्स: प्रोटीन पावरहाउस

राजमा (किडनी बीन्स) कम्पलीट प्रोटीन सोर्स है, साथ ही ये आयरन और फाइबर से भरपूर होता है। हर किचन में आसानी से उपलब्ध, ग्लूटेन-फ्री और वजन कंट्रोल में बेस्ट होता है।

रेसिपी: रात भर भिगोकर उबले राजमा में प्याज, टमाटर, खीरा, नींबू का रस और चाट मसाला मिलाएं। छोटे मफिन कप्स या डिब्बों में भरें – पोर्टेबल स्नैक रेडी। यह 15 मिनट में बनता है।

आदत टिप: वीकेंड पर हफ्ते भर के लिए तैयार करें। ऑफिस लंच के बाद या शाम के स्नैक के लिए। पॉर्शन कंट्रोल से क्रेविंग्स कम होंगी। प्रोटीन: 9g प्रति सर्विंग, कैलोरी: 170।

पैकेट वाले “हेल्दी” स्नैक्स से सावधान रहें- मार्केट में मिलने वाले कई “हेल्दी” स्नैक्स असल में मार्केटिंग ट्रिक होते हैं।

ध्यान दें: लंबी इंग्रीडिएंट लिस्ट, ज़्यादा नमक या शुगर, प्रिज़र्वेटिव्स, घर का साधारण खाना अक्सर पैकेट वाले हेल्दी स्नैक से बेहतर होता है। ध्यान भटकाकर खाने से हम ज़रूरत से ज़्यादा खा लेते हैं। स्नैक खाते समय सिर्फ खाने पर ध्यान, धीरे-धीरे चबाएँ, स्वाद महसूस करे। यह छोटी आदत ओवरईटिंग रोकने में बहुत मददगार है।

डिनर में क्या खाएँ जिससे वजन न बढ़े और बीमारियाँ दूर रहें?

निष्कर्ष:

स्वस्थ रहने के लिए महंगे डाइट प्लान या विदेशी सुपरफूड ज़रूरी नहीं। ज़रूरत है तो बस सचेत स्नैकिंग की आदत की। जब आप ऑफिस या घर में सही स्नैक चुनते हैं- तो शरीर हल्का रहता है, मन स्थिर रहता है और बीमारियाँ दूर रहती हैं।

यदि आपको ये ब्लॉग सहायक लगा हो तो इसे अपने परिचितों के साथ शेयर करें। 

https://notsomoderngirl.com/2022/02/21/healthy-snack-swaps-try-out/

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top